बदरीनाथ धाम में रविवार सुबह रवि पुष्य नक्षत्र के शुभ लग्न में भगवान बदरीविशाल के कपाट श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए गए। चारधाम यात्रा का यह शुभारंभ भव्यता और आध्यात्मिक ऊर्जा से भरपूर रहा। जैसे ही कपाट खुले, पूरा धाम “जय बदरी विशाल” के जयकारों से गूंज उठा। श्रद्धालुओं का स्वागत हेलीकॉप्टर से पुष्पवर्षा कर किया गया, जिससे माहौल भक्तिमय हो गया।
इस शुभ अवसर पर उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी स्वयं बदरीनाथ धाम पहुंचे और भगवान बदरीविशाल के दर्शन कर पूजा-अर्चना की। उन्होंने राज्य की सुख-समृद्धि के लिए प्रार्थना की। सीएम की मौजूदगी को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था के भी व्यापक इंतजाम किए गए थे।
कपाटोद्घाटन के लिए बदरीनाथ मंदिर को 40 कुंतल गेंदे के फूलों से सजाया गया। मंदिर के सिंहद्वार से लेकर शिखर तक की सजावट ने श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। देर शाम तक फूलों की सजावट का काम चलता रहा।
इस बार बदरीनाथ धाम में रिकॉर्ड संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। सुबह से ही मंदिर प्रांगण में 10 हजार से अधिक भक्तों की भीड़ उमड़ पड़ी। देश और विदेश से आए श्रद्धालुओं ने छह माह से जल रही अखंड ज्योति के दर्शन कर गहरी आध्यात्मिक अनुभूति की।
इस वर्ष चमोली जिला प्रशासन ने यात्रा को पॉलीथिन मुक्त बनाने का संकल्प लिया है। जिलाधिकारी संदीप तिवारी ने धाम क्षेत्र और यात्रा मार्गों पर स्थित होटलों और ढाबों को पॉलीथिन का उपयोग बंद करने की सख्त अपील की है। इसके साथ ही उन्होंने सभी प्रतिष्ठानों को साफ-सफाई बनाए रखने, फायर सिलेंडर अनिवार्य रूप से रखने और रेट लिस्ट चस्पा करने के निर्देश दिए हैं।



Admin






