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post authorAdmin 29 Nov 2025

एम्स ऋषिकेश के डॉ. राज बहादुर को राष्ट्रीय स्वास्थ्य सम्मेलन में “लाइफटाइम अचीवमेंट अवॉर्ड” — स्वास्थ्य सेवा में नई प्रेरणा.

नई दिल्ली / चंडीगढ़ — 28 नवम्बर 2025 को आयोजित राष्ट्रीय स्वास्थ्य सम्मेलन में, सर्व कल्याणकारी ट्रस्ट और SRS फाउंडेशन द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित इस कार्यक्रम में देश भर के चिकित्सा विशेषज्ञ, वैज्ञानिक एवं सामाजिक संगठनों को उनके योगदान के लिए सम्मानित किया गया। इस अवसर पर जे.पी. नड्डा, केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री, ने स्वास्थ्य व्यवस्था में एक समग्र कल्याण (Wellness) मॉडल अपनाने की सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई।

स्वास्थ्य मॉडल और आयुष्मान भारत पर बयान
स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि सरकार का उद्देश्य केवल रोगों का इलाज नहीं, बल्कि रोग की रोकथाम और सार्वजनिक स्वास्थ्य जागरूकता को भी प्राथमिकता देना है। उन्होंने इस दिशा में आयुष्मान भारत स्वास्थ्य एवं आरोग्य केन्द्र (AB-HWCs) के विस्तार की बात कही, जो मधुमेह, उच्च रक्तचाप व कैंसर जैसी बीमारियों के लिए निःशुल्क परामर्श व जांच उपलब्ध कराते हैं। इस पहल से स्वास्थ्य सेवाएँ “हर दरवाजे पर सुलभ और जवाबदेह” बनने की दिशा में अग्रसर हैं।

डॉ. राज बहादुर — पुरस्कार व कारण
सम्मेलन के दौरान, राष्ट्रीय स्तर पर चिकित्सा शिक्षा, हड्डी रोग (ऑर्थोपेडिक्स) व रीढ़ रोग के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले डॉ. राज बहादुर को “लाइफटाइम अचीवमेंट अवॉर्ड” से सम्मानित किया गया। वर्तमान में वे AIIMS ऋषिकेश के अध्यक्ष हैं। उनका यह सम्मान न सिर्फ एक व्यक्तिगत उपलब्धि है, बल्कि पूरे सार्वजनिक स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए प्रेरणा भी है।

अपने संबोधन में, डॉ. राज बहादुर ने आयुष्मान भारत योजना को “गरीबों के लिए जीवन रेखा” बताते हुए कहा कि अब तक 42 करोड़ से अधिक कार्ड जारी किए जा चुके हैं। इसके तहत पात्र नागरिकों को 5 लाख रुपये तक का कैश-लेस इलाज उपलब्ध है। साथ ही, 70 वर्ष से ऊपर की आयु वाले नागरिकों को बिना किसी आय सीमा (income cap) के कवरेज मिलता है — एक ऐसी सुविधा जो अक्सर निजी बीमा कंपनियाँ देने से इनकार कर देती हैं।

अन्य सम्मानित विशेषज्ञ
सम्मान समारोह में एक अन्य प्रमुख चिकित्सक डॉ. सुरिंदर सिंह राणा को गैस्ट्रोएंटरोलॉजी एवं चिकित्सा अनुसंधान के क्षेत्र में उनके योगदान के लिए सम्मानित किया गया। वे विशेष रूप से एंडोस्कोपिक अल्ट्रासाउंड और पैंक्रियाटिकोबिलरी रोगों में उनके शोध व योगदान के लिए जाने जाते हैं।

निष्कर्ष
राष्ट्रीय स्वास्थ्य सम्मेलन में दिए गए ये सम्मान न सिर्फ वरिष्ठ चिकित्सकों के लिए बल्कि पूरे चिकित्सा जगत और आम जनता के लिए एक सकारात्मक संदेश हैं — कि स्वास्थ्य सेवाओं, चिकित्सा शिक्षा और जन-कल्याण योजनाओं को प्राथमिकता दी जा रही है। इसका सीधा लाभ देश के उन नागरिकों को मिलेगा, जो पारंपरिक निजी चिकित्सा व्यवस्था की पहुंच से दूर थे।